नई दिल्ली। देशभर में भीषण गर्मी का कहर जारी है, लेकिन मौसम विभाग (IMD) ने राहत भरी खबर दी है। अगले 72 घंटों के बाद कई राज्यों में मौसम करवट लेगा। IMD ने 13 राज्यों में तेज आंधी, तूफान, गरज-चमक के साथ बारिश और ओले गिरने का अलर्ट जारी किया है।
उत्तर भारत अभी भी लू की चपेट में है, जबकि पूर्वोत्तर और दक्षिण में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो गई हैं। देश के उत्तरी और मध्य भागों में पारा 45-48 डिग्री तक पहुंच रहा है। यूपी के बांदा में तापमान 48 डिग्री पार कर गया है।
दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा और मध्य प्रदेश में हीटवेव से लेकर सीवियर हीटवेव तक की स्थिति बनी हुई है। लोग दिन में घरों से निकलने से बच रहे हैं। सड़कें दोपहर में सूनी पड़ी हैं और रातें भी गर्म बनी हुई हैं।
दिल्ली-NCR और उत्तर भारत में लू का रेड अलर्ट
दिल्ली-एनसीआर में अधिकतम तापमान 47 डिग्री तक पहुंच सकता है। IMD ने 21 से 26 मई तक हीटवेव का अलर्ट जारी रखा है। 22 मई की रात से धूल भरी आंधी और हल्की बारिश की संभावना है, जो थोड़ी राहत दे सकती है।
पंजाब-हरियाणा में तापमान 44-45 डिग्री के आसपास है। राजस्थान के कई इलाकों में लू चल रही है, जहां चित्तौड़गढ़ में 46.3 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। यूपी के बुंदेलखंड क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित है।
पूर्वोत्तर में 100 किमी/घंटा तूफान का खतरा
पूर्वोत्तर राज्यों जैसे असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश और सिक्किम में सबसे ज्यादा खतरा है। यहां हवा की रफ्तार 80 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
भारी बारिश, भूस्खलन और नदियों में उफान का अलर्ट जारी है। बिहार और झारखंड में भी तेज हवाओं, बिजली गिरने और ओले पड़ने की चेतावनी है। पटना, रांची समेत कई जिलों में सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।
दक्षिण भारत में मानसून की तैयारी
दक्षिण में स्थिति अलग है। केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और महाराष्ट्र में प्री-मानसून बारिश तेज हो गई है। IMD के अनुसार मानसून 26 मई तक केरल पहुंच सकता है।
अंडमान-निकोबार में पहले ही दस्तक दे चुका है। अगर रफ्तार बनी रही तो इस बार समय से पहले मानसून देशभर में फैल सकता है, जो किसानों के लिए अच्छी खबर है।
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ और साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय होने के कारण यह बदलाव आ रहा है। मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है।
IMD की लोगों को सलाह
- लू वाले इलाकों में दोपहर 12 बजे से 4 बजे तक बाहर न निकलें।
- खूब पानी पिएं, ORS लें और हल्के रंग के ढीले कपड़े पहनें।
- तूफान वाले क्षेत्रों में पेड़ों और कमजोर इमारतों से दूर रहें।
- किसान फसलों की सुरक्षा का ख्याल रखें।
72 घंटे की मुश्किल के बाद मौसम की मार से राहत मिलने की उम्मीद है। उत्तर में गर्मी थमेगी तो पूर्वोत्तर और पूर्वी राज्यों में बारिश से ठंडक मिलेगी।