ठाकुरगंज (किशनगंज)। भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने के लिए प्रशासन एवं सुरक्षा एजेंसियों ने निगरानी बढ़ा दी है।
अब बिना वोटर आईडी कार्ड या किसी अन्य वैद्य सरकारी पहचान पत्र के नेपाल सीमा में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। इंडो-नेपाल सीमा गलगलिया बॉर्डर पर तैनात सशस्त्र सीमा बल के सुरक्षा बलों को इस संबंध में कड़े निर्देश दिए गए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, भारत-नेपाल सीमा से होकर प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों का आवागमन होता है। सुरक्षा कारणों तथा अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से सीमा जांच को और सख्त किया गया है।
आधार कार्ड दिखाने पर नहीं मिलेगा प्रवेश
सीमा पर आने-जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति की पहचान की जांच की जा रही है। मात्र आधार कार्ड से आप सीमा से बाहर अथवा प्रवेश नहीं कर सकते हैं, जिन लोगों के पास वोटर आईडी, पासपोर्ट या अन्य मान्य पहचान पत्र उपलब्ध नहीं होंगे, उन्हें सीमा पार करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
सीमा सुरक्षा में लगे अधिकारियों ने बताया कि हाल के दिनों में सुरक्षा संबंधी चुनौतियों को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। जांच के दौरान संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है और आवश्यक दस्तावेजों की गहन पड़ताल की जा रही है।
साथ रखें वैध पहचान पत्र
इसके साथ ही सीमा क्षेत्र में गश्त भी बढ़ा दी गई है। प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि नेपाल जाने या वहां से लौटने के दौरान अपने साथ वैध पहचान पत्र अवश्य रखें, ताकि जांच के समय किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
सीमा क्षेत्र के व्यापारियों, पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों को भी इस नई व्यवस्था की जानकारी दी जा रही है, ताकि वे समय रहते आवश्यक दस्तावेज साथ रख सकें।
सुरक्षा एजेंसी का कहना है कि यह कदम सीमा सुरक्षा को सुदृढ़ बनाने और अवैध आवागमन पर रोक लगाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा।