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दैनिक सम्राट संवाददाता
चाकसू (लोकेश कुमार गुप्ता)। अग्नि सुरक्षा के प्रति आमजन में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से 14 अप्रैल से 20 अप्रैल तक मनाए जा रहे अग्नि सुरक्षा सप्ताह के अंतर्गत उप जिला अस्पताल चाकसू व विद्यालयों में विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। सुरक्षित विद्यालय, सुरक्षित अस्पताल एवं अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूक समाज—आग की रोकथाम के लिए एक साथ थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के जवानों ने सक्रिय भागीदारी निभाई और लोगों को अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूक किया।
कार्यक्रम के दौरान सीआईएसएफ के निरीक्षक अग्नि भीम कुमार राय, सहायक निरीक्षक अग्नि सुधीर सिंह, सहायक उप निरीक्षक अग्नि एम.सी. स्वामी एवं अग्नि जवान बलजीत कुमार सिंह ने अस्पताल में मौजूद मरीजों, उनके परिजनों तथा अस्पताल स्टाफ को अग्नि सुरक्षा के महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आग लगने की घटनाएं अक्सर लापरवाही और छोटी-छोटी गलतियों के कारण होती हैं, जिन्हें सतर्कता और सही जानकारी के माध्यम से रोका जा सकता है।सीआईएसएफ टीम ने उपस्थित लोगों को प्राथमिक अग्निशमन उपकरणों जैसे फायर एक्सटिंग्विशर के सही उपयोग की विधि समझाई। साथ ही यह भी बताया कि आपात स्थिति में घबराने के बजाय संयम बनाए रखना और तुरंत उचित कदम उठाना जीवन रक्षक साबित हो सकता है।
इस प्रकार के संवादात्मक सत्र ने लोगों में जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ उनके मन में सुरक्षा के प्रति विश्वास भी उत्पन्न किया। सीआईएसएफ के जवानों ने अस्पताल के डॉक्टरों और अन्य स्टाफ सदस्यों के साथ भी संवाद स्थापित किया और उन्हें कार्यस्थल पर अग्नि सुरक्षा उपायों को सख्ती से अपनाने की सलाह दी। इस अवसर पर डॉक्टर को प्रतीक स्वरूप पेन भेंट कर सम्मानित किया गया, जिससे सेवा, समर्पण और सहयोग की भावना को बढ़ावा मिला।
कार्यक्रम में उप जिला अस्पताल के पीएमओ डॉ. रितुराज मीणा, पैथोलॉजी विशेषज्ञ डॉ. गोविन्द शर्मा, शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. हरिमोहन मीणा, चेस्ट एवं श्वास रोग विशेषज्ञ डॉ. जय गोंड, एनेस्थीसिया विशेषज्ञ डॉ. पवन बैरवा, लैब टेक्नीशियन सत्य नारायण सैनी, नरेन्द्र यादव, लैब इंचार्ज नानगराम मीणा सहित अस्पताल का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा।उप जिला अस्पताल पीएमओ डॉ रितुराज मीणा ने सीआईएसएफ द्वारा आयोजित इस जागरूकता अभियान की सराहना करते हुए कहा कि अस्पताल जैसे संवेदनशील संस्थानों में अग्नि सुरक्षा के नियमों का पालन करना अत्यंत आवश्यक है। इस प्रकार के कार्यक्रम न केवल कर्मचारियों को प्रशिक्षित करते हैं, बल्कि आमजन को भी आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए तैयार करते हैं।